देहरादून/ऋषिकेश
मंगलवार को श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज ऋषिकेश के प्रधानाचार्य यमुना प्रसाद त्रिपाठी द्वारा विद्यालय के एनसीसी कैडेट गणेश का पिछले दिनों राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभा के लिए सम्मानित किया गया था, लेकिन विद्यालय के लिए बड़े हर्ष की बात है कि राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभाग करने के उपरांत उत्कृष्ट प्रदर्शन करने पर विद्यालय के एनसीसी के छात्र गणेश का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सेलेक्शन हो गया है जिसके लिए वह ऑस्ट्रेलिया जाएंगा और आगे की अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता ऑस्ट्रेलिया में आयोजित होगी।
श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज ऋषिकेश के वरिष्ठतम प्रवक्ता,सीनियर एनसीसी अधिकारी लखविंदर सिंह के नेतृत्व में एक नया और ऐतिहासिक अध्याय जुड़ गया, ऐसा पहली बार हो रहा है कि कोई छात्र एनसीसी के विशेष योग प्रशिक्षण अभ्यास के द्वारा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ऑस्ट्रेलिया जाएगा यह विद्यालय के साथ-साथ ऋषिकेश और संपूर्ण उत्तराखंड के लिए गौरव की बात है,, इस अवसर पर सीनियर एनसीसी अधिकारी लखविंदर सिंह ने कहा है कि हमें इसी बात की काफी खुशी थी कि हमारे विद्यालय का एनसीसी का छात्र राष्ट्रीय स्तर पर प्रतियोगिता में प्रतिभा करके आएगा। यह हमारे लिए और गौरव का क्षण है कि इस छात्र ने राष्ट्रीय स्तर को पार कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभा के लिए स्थान बनाया है,, और हम चाहेंगे कि ऑस्ट्रेलिया में भी विद्यालय का नाम रोशन करें.. विद्यालय के योगाचार्य जगदंबा प्रसाद थपलियाल ने बताया कि सीनियर एनसीसी अधिकारी लखविंदर सिंह के द्वारा निरंतर छात्र-छात्राओं को अनुशासन में रहते हुए कई तरह की प्रतियोगिताओं के लिए तैयार करवाया जाता है और विद्यालय के छात्र गणेश का ऑस्ट्रेलिया में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चयन होना उनके रेख देख और कुशल नेतृत्व का प्रमाण है,,अंतरराष्ट्रीय योगा चैंपियनशिप 16 अक्टूबर को ऑस्ट्रेलिया में आयोजित होगी।
इस अवसर पर विद्यालय की जूनियर विंग एनसीसी अधिकारी विकास नेगी,जयकृत सिंह रावत, डॉ सुनील दत्त थपलियाल,रंजन अंथवाल,जितेंद्र बिष्ट, प्रवीण रावत,,आदि उपस्थित थे।
31 UK बटालियन हरिद्वार के कमांडिंग ऑफिसर कर्नल ललित पंवार ने श्री भरत मंदिर इंटर कॉलेज के सीनियर एनसीसी ऑफिसर लखविंदर सिंह और एनसीसी कैडेट गणेश को शुभकामनाएं प्रेषित की ओर इस पर हर्ष जताते हुए कहा कि इस तरह के कैडेट्स अन्य कैडेट्स के लिए भी प्रेरणादायक होते हैं, और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर यह उपलब्धि वास्तव में एक बहुत बड़ी उपलब्धि है।