देहरादून
अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) का तीन दिवसीय 71 वाँ राष्ट्रीय अधिवेशन उत्तराखण्ड के परेड ग्राउंड में बसाए गए ‘भगवान बिरसा मुंडा नगर’ में चल रहा है। शनिवार को अधिवेशन स्थल से दर्शनलाल चौक तक एक लंबी शोभायात्रा आयोजित की गई। इसमें देश के सभी राज्यों से आए 1500 से अधिक विद्यार्थियों की सहभागिता से लघु भारत के दर्शन हुए। सड़कों पर उमड़ी इस युवा तरुणाई का देवभूमि के नागरिकों ने जगह-जगह स्वागत किया।
राष्ट्रीय अधिवेशन के दूसरे दिन के आरम्भ में “शिक्षा की भारतीय संकल्पना: वर्तमान शैक्षिक परिदृश्य एवं हमारी भूमिका” विषय पर भाषण सत्र आयोजित हुआ, जिसमें वक्ता के रूप में अभाविप के निवर्तमान राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रो. (डॉ.) राजशरण शाही ने उद्बोधन दिया। इसके पश्चात पाँच समानांतर सत्रों में वैश्विक Gen-Z आंदोलन एवं भारतीय युवा, AI चैट जीपीटी एवं शिक्षा, बांग्लादेशी घुसपैठ एवं SIR समसामयिक, जनसंख्या असंतुलन एवं विकसित भारत का लक्ष्य तथा ऑपरेशन सिंदूर और बदलता सुरक्षा परिदृश्य पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।
इसमें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गांधी पार्क,अधिवेशन में देशभर से देहरादून पहुंचे प्रतिनिधियों एवं कार्यकर्ताओं का स्वागत शोभायात्रा में किया। अभाविप राष्ट्रीय महामंत्री डॉ वीरेंद्र सिंह सोलंकी के नेतृत्व में देश के अलग-अलग क्षेत्रों से आए छात्र नेताओं ने बांग्लादेशी घुसपैठ, शिक्षा, छात्रवृत्ति, समाज, ऑपरेशन सिंदूर तथा युवाओं से जुड़े विषयों पर संबोधन किया। अभाविप के राष्ट्रीय अध्यक्ष प्रो. (डॉ) रघुराज किशोर तिवारी, अभाविप राष्ट्रीय संगठन मंत्री आशीष चौहान, उत्तराखण्ड प्रांत अध्यक्ष प्रो. जे. पी.भट्ट एवं उत्तराखण्ड प्रांत मंत्री ऋषभ रावत भी उपस्थित रहे।


