देहरादून
इन दिनों उत्तराखंड में केदारनाथ उपचुनाव पर खींचतान जारी है। भाजपा की नाक का प्रश्न बन चुकी इस हॉट सीट को लेकर भाजपा और कांग्रेस पीछे हटने को तैयार नजर नहीं आ रही हैं।
ऐसे में देहरादून के भाजपा विधायक विनोद चमोली ने जनप्रतिनिधियों के प्रोटोकाल का मुद्दा उठाकर सरकारी कार्यक्रमों के बहिष्कार का ऐलान कर दिया है।
भाजपा विधायक चमोली ने कहा कि जब तक इस बारे में सुस्पष्ट नियमावली नहीं बन जाती तब तक वे किसी भी सरकारी कार्यक्रम में शिरकत नहीं करेंगे अलबत्ता विकास से जुड़े मसलों पर विधानसभा की कार्यवाही में अवश्य हिस्सा लेंगे।
विधायक चमोली ने कहा है कि जनप्रतिनिधियों के प्रोटोकॉल से जुड़ी नियमावली के मुद्दे पर सभी दल उनका समर्थन करेंगे।
विधायक ने कहा कि ये उनकी सरकार को चेतावनी नहीं बलिक उनका अपना स्टैंड है। चमोली के इस बयान के बाद सरकार की स्थिति असहज सी नजर आ रही है।
बताते चलें कि 9 नवंबर को राज्य स्थापना दिवस पर दून पुलिस लाईन में आयोजित समारोह में धर्मपुर से भाजपा विधायक विनोद चमोली को बैठने के लिए उपयुक्त स्थान न मिलने पर वे नाराज होकर कार्यक्रम के बीच से चले गए थे। हालांकि पुलिस अधिकारी विधायक चमोली को मनाते रहे लेकिन गुस्साए चमोली कार्यक्रम का बहिष्कार कर चले ही गए।
प्रदेश में हॉट सीट केदारनाथ में चल रहे उपचुनाव के बीच भाजपा विधायक चमोली के इस बयान को अपनी ही सरकार को नसीहत देने सम्बन्धी बयान के बाद भाजपा और कांग्रेस खेमे में भी विशेष हलचल नजर आ रही है।
विनोद चमोली का वीडियो वॉयरल होने पर कांग्रेस नेता सूर्यकान्त धस्माना ने कहा कि भाजपा सरकार के अधिकारी अपने ही जनप्रतिनिधियों का सम्मान न कर पाना बहुत ही चिंतनीय विषय है।