देहरादून/उत्तरकाशी
जिलाधिकारी प्रशांत आर्य के निर्देशों के अनुपालन में प्रशासन पूरी तरह एक्शन मोड में है। शराब की दुकानों पर निर्धारित मूल्य से अधिक दर पर शराब बिक्री और अन्य अनियमितताओं की लगातार मिल रही शिकायतों को जिलाधिकारी प्रशांत आर्य ने गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन की टीमों को निरंतर छापेमारी के निर्देश दिए।
इसी क्रम में 20 अक्टूबर 2026 को उपजिलाधिकारी बड़कोट बृजेश तिवारी ने क्षेत्र की शराब की दुकानों पर औचक छापेमारी की। इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य उपभोक्ताओं से तय मूल्य से अधिक वसूली (ओवररेटिंग) करने वाले दुकानदारों पर नकेल कसना था। इस औचक निरीक्षण के दौरान अधिकारियों द्वारा स्वयं ग्राहक के रूप में शराब खरीदकर पारदर्शिता की जांच की गई, जिसमें कई अनियमितताएं सामने आई ।
निरीक्षण के दौरान पहले उपजिलाधिकारी बड़कोट ने डामटा स्थित एफ.एल.5.डी. (FL5D) शराब की दुकान का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान पाया कि कुछ व्हिस्की और बियर की बोतलों पर अंकित मूल्य से 10-10 रुपए अधिक वसूले जा रहे थे।
ओवररेटिंग का यह मामला सामने आने पर प्रशासनिक टीम ने तुरंत FL5D के रजिस्टर में निरीक्षण आख्या दर्ज कर संबंधित के हस्ताक्षर करवाए।
डामटा के बाद प्रशासनिक टीम ने बर्नीगाड स्थित एफ.एल.5.डी. शराब की दुकान का भी औचक निरीक्षण किया। यहाँ भी ग्राहकों से अवैध वसूली का मामला सामने आया। निरीक्षण में यहां भी कुछ व्हिस्की और बियर केन पर अंकित मूल्य से 5 से 10 रुपए अधिक वसूले जा रहे थे। उपजिलाधिकारी द्वारा ने इस ओवररेटिंग की पुष्टि करते हुए निरीक्षण आख्या पंजिका में दर्ज कर दी गई है।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को क्षेत्र में निरंतर औचक निरीक्षण करने तथा किसी भी प्रकार की अनियमितता या अनियमित बिक्री पाए जाने पर आबकारी अधिनियम के तहत नियमानुसार कठोर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।