देहरादून
पूर्व राष्ट्रपति के.आर. नारायण के चिकित्सक और विख्यात आयुर्वेदाचार्य पद्मश्री वैद्य बालेंदु प्रकाश के निधन का समाचार सामने आया है। परिवार से प्राप्त जानकारी के अनुसार उनका निधन हो गया। उनके निधन की खबर से आयुर्वेद जगत, चिकित्सा क्षेत्र और उनके परिचितों में शोक की लहर है।
वैद्य बालेंदु प्रकाश को आयुर्वेद के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान के लिए वर्ष 1999 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया था। वे रस शास्त्र और आयुर्वेदिक चिकित्सा के प्रमुख विशेषज्ञों में शामिल रहे। उन्होंने पारंपरिक आयुर्वेदिक ज्ञान को वैज्ञानिक शोध और आधुनिक चिकित्सा पद्धतियों के साथ जोड़ने की दिशा में लंबे समय तक काम किया।
वैद्य बालेंदु प्रकाश पादाव स्पेशलिटी आयुर्वेदिक ट्रीटमेंट सेंटर के संस्थापक एवं मार्गदर्शक रहे। आयुर्वेद में प्रमाण-आधारित उपचार पद्धतियों को बढ़ावा देने और उपचार के मानकीकृत प्रोटोकॉल विकसित करने में उनका महत्वपूर्ण योगदान माना जाता है। उन्होंने विभिन्न विश्वविद्यालयों और वैज्ञानिक संस्थानों के साथ शोध कार्य भी किए।
विशेष रूप से अग्न्याशय (पैंक्रियास) से संबंधित बीमारियों और अन्य जटिल रोगों पर उनके शोध एवं उपचार संबंधी कार्यों की चर्चा चिकित्सा जगत में रही है। आयुर्वेदिक औषधियों और भस्मों के चिकित्सकीय उपयोग को लेकर भी उन्होंने लंबे समय तक अध्ययन और प्रयोग किए।
दशकों के अनुभव, अनेक शोध-पत्रों और पुरस्कारों से समृद्ध वैद्य बालेंदु प्रकाश ने आयुर्वेद को वैज्ञानिक आधार पर आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किया। वे आयुर्वेदिक चिकित्सकों और शोधकर्ताओं की कई पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत रहे।
उनके निधन से आयुर्वेद जगत ने एक अनुभवी चिकित्सक, शोधकर्ता और मार्गदर्शक खो दिया है। परिजनों, सहयोगियों और उनके शुभचिंतकों ने दिवंगत वैद्य बालेंदु प्रकाश को श्रद्धांजलि अर्पित की है।
