Breaking News
Home / Featured / आपने साले सुनील उर्फ सोनू शर्मा को 2019 में धोखे से मारकर फरार शातिर पवन शर्मा गाजियाबाद से गिरफ्तार
आपने साले सुनील उर्फ सोनू शर्मा को 2019 में धोखे से मारकर फरार शातिर पवन शर्मा गाजियाबाद से गिरफ्तार

आपने साले सुनील उर्फ सोनू शर्मा को 2019 में धोखे से मारकर फरार शातिर पवन शर्मा गाजियाबाद से गिरफ्तार

देहरादून

वर्ष 2019 में दिनांक 5-11-2019 को सुनिक उर्फ सोनू शर्मा की बहन डिंपल शर्मा पुत्री स्वर्गीय सुशील शर्मा निवासी विंग नंबर 7 प्रेमनगर ने थाना प्रेमनगर पुलिस को बताया कि वर्ष 2000 में मेरी शादी डिंपल शर्मा पुत्री स्वर्गीय सुशील शर्मा निवासी सहारनपुर से हुई थी, अभियुक्त ने बताया कि करीब 25- 26 साल की उम्र से ही उसे नशे की लत लग गई थी, जिस कारण वह गलत संगत में पड़ गया था, कई बार लोगों से झगड़े फसाद हुए तथा जिसके चलते अभियुक्त के विरुद्ध थाना सिहानी गेट गाजियाबाद में 03 लोगों की हत्या, मारपीट एवं गुंडा अधिनियम के मामले दर्ज होना पाया गया है, जिनमें जमानत पर बाहर आते ही अभियुक्त के माता-पिता द्वारा वर्ष 2000 में डिंपल शर्मा से शादी करा दी थी, उस समय अभियुक्त की उम्र करीब 36 वर्ष थी, डिंपल शर्मा से तीन बेटी तथा एक बेटा है, लेकिन मुकुंद नगर गाजियाबाद में अभियुक्त की छवि अच्छी नहीं होने के कारण वर्ष 2005 में वहां का मकान बेचकर अपनी मां तथा बीवी बच्चों के साथ देहरादून शिफ्ट हो गया था, जहां पर अभियुक्त द्वारा गाड़ी लेकर गाड़ी चलाई जिसमें नुकसान होने के बाद अभियुक्त सेलाकुई में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करने लगा, लेकिन नशे की लत के कारण सारी जमा पूंजी समाप्त हो गई, इसी दौरान अभियुक्त की मां की मृत्यु हो गई तथा अभियुक्त के नशा करने व बच्चों का भविष्य को लेकर अक्सर पति-पत्नी में लड़ाई झगड़ा रहने लगा, डिंपल शर्मा ये सारी बातें प्रेम नगर में रहने वाले अपने भाई सुनील शर्मा उर्फ सोनू को बताती थी, इसी के चलते वर्ष 2015 में डिंपल शर्मा ने पवन शर्मा से तलाक ले लिया, डिंपल शर्मा अपने भाई सुनील शर्मा उर्फ सोनू के पास प्रेम नगर में अपने बच्चों के साथ रहने लगी तथा अभियुक्त पवन शर्मा गाजियाबाद रहने लगा, तलाक के बाद अभियुक्त कई बार अपने बच्चों से मिलने प्रेमनगर आता रहता था तथा अपने साले पर अपने बीवी बच्चों को ले जाने के लिए दबाव बनाना चाहता था, लेकिन सुनील शर्मा उर्फ सोनू और सुनील शर्मा का दोस्त मनीष राजपूत नहीं चाहते थे, कि डिंपल शर्मा फिर से पवन शर्मा के साथ रहे, इसी बात को लेकर पवन शर्मा अपनी पत्नी डिंपल शर्मा व साले सुनील शर्मा उर्फ सोनू तथा मनीष राजपूत से रंजिश रखने लगा और इन्हें मारने का प्लान बनाया ।
5 नवम्बर 2019 को पवन शर्मा अपनी पत्नी डिंपल शर्मा व साले सुनील शर्मा उर्फ सोनू तथा मनीष राजपूत की हत्या करने के लिए प्रेमनगर विंग नंबर 7 स्थित सुनील शर्मा उर्फ सोनू व डिंपल शर्मा( अभियुक्त की पत्नी) के मकान पर आया और दरवाजा खुलवाने की कोशिश की किंतु डिंपल शर्मा ने दरवाजा नहीं खोला सुनील शर्मा ने बाहर आकर पूछा तो अभियुक्त पवन शर्मा अपने साले सुनील शर्मा उर्फ सोनू को बात करने के बहाने गली में ले गया और धारदार चाकू से उसका गला रेत दिया इसके बाद अभियुक्त पवन शर्मा डिंपल शर्मा तथा मनीष राजपूत को मारना चाहता था लेकिन मौके पर भीड़ भाड़ होते देख मौके से भीड़ भाड़ एवं अंधेरे का फायदा उठाकर भाग निकला तथा प्रेम नगर शमशान घाट के पास पहुंचकर अभियुक्त ने अपने कपड़े बदले और हत्या में प्रयुक्त चाकू को नदी के चलते पानी में फेंक दिया और वहां से टेंपो में बैठकर विकासनगर पहुंच गया तथा विकास नगर से रोडवेज पकड़ कर पोंटा साहिब और पोंटा साहिब से राजस्थान पहुंच गया तथा एक मंदिर के बाहर रहने लगा जहां पर अभी उसको खाना-पीना मिल जाता था इसके बाद अभियुक्त कुरुक्षेत्र, हरियाणा पहुंच गया, जहां पर दो-तीन महीने रहा, अभियुक्त पंजाबी भाषा अच्छी बोल लेता है इसका फायदा उठाकर अभियुक्त अमृतसर स्थित गुरुद्वारे में चला गया तथा लॉकडाउन के दौरान अभियुक्त अमृतसर गुरुद्वारे में रहा तथा वही खाना-पीना खा लेता था, लॉकडाउन खुल जाने के बाद अभियुक्त वापस आनंद विहार, दिल्ली पहुंच गया तथा यह जानकर कि अब मामला शांत हो गया होगा वापस गाजियाबाद आ गया ,जहां पर आसानी से नशे का शौक भी पूरा हो जाता तथा अपने पुराने दोस्तों से मिलने के प्रयास में था इससे पहले कि अभियुक्त को भनक लगती प्रेमनगर पुलिस द्वारा दिनांक 17 सितम्बर को रात में अभियुक्त को गाजियाबाद से गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस टीम में पुलिस कर्मियों में श्रीमती श्वेता चौबे, IPS एसपी सिटी, देहरादून,
नरेंद्र पंत,UPS, क्षेत्राधिकारी मसूरी,SO धर्मेंद्र सिंह रौतेला, थानाध्यक्ष प्रेमनगर,SSI कोमल सिंह रावत, थाना प्रेमनगर ,SI डीपी काला, प्रभारी चौकी झाझरा, देहरादून,SI संदीप कुमार, थाना प्रेमनगर,एचसीपी नौशाद अंसारी,कांस्टेबल 609 नरेंद्र रावत और कॉन्स्टेबल 677 आशीष (एसओजी) शामिल थे।

About admin

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

*

Scroll To Top