देहरादून
बाबा श्री विश्वनाथ-मां जगदीशिला की 27वीं 28 दिवसीय डोली रथ यात्रा 28 अप्रैल से शुरु होने जा रही है जो कि 25 मई तक चलेगी। यह डोली रथ यात्रा राज्य के विभिन्न जिलों का भ्रमण करेगी। इस डोली यात्रा का उद्देश्य विश्व शांति, देव संस्कृति एवं लोक संस्कृति की रक्षा, उत्तराखंड में एक हजार धामों की स्थापना करना, एक हजार संस्कृत विद्यालयों की स्थापना, हिमालय आरती का गायन और चिन्हित किए गए 432 देवालयों का नाम पर्यटन पुस्तिका में अंकित करना है।
डोली रथ यात्रा की तैयारियों को लेकर रविवार को देहरादून में श्री विश्वनाथ-जगदीशिला तीर्थाटन समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक के बाद डोली रथ यात्रा के संयोजक पूर्व कैबिनेट मंत्री मंत्री प्रसाद नैथानी ने डोली यात्रा के आयोजन के संबंध में पत्रकारों को जानकारी दी।
यहां स्थानीय होटल में आयोजित पत्रकार वार्ता में नैथानी ने बताया कि इस डोली यात्रा ने अब तक राज्य के 13 जनपदों में 2 लाख 85 हजार 500 किलोमीटर की दूरी रथ द्वारा तय की। यात्रा अवधि में यह यात्रा प्रतिदिन 12 किलोमीटर पैदल भ्रमण कर अब तक 10 हजार 150 किलोमीटर की दूरी तय कर विश्व की देव यात्राओं में सबसे लंबी यात्रा का कीर्तिमान बना चुकी है। उन्होंने बताया कि यह यात्रा विशुद्ध रूप से देव यात्रा है, इसमें प्रदेश के सभी धर्मों के भक्त सम्मिलित होकर विश्व शांति एवं भाईचारे के बंधन को मजबूती प्रदान करने का संकल्प लेते हैं।
नैथानी ने बताया कि यह डोली रथ यात्रा 28 अप्रैल को ग्राम ढुंग्यार गांव से टिहरी से नेपाली फार्म के लिए प्रस्थान करेगी। 29 अप्रैल को नेपाली फार्म से मां दुर्गा मंदिर बालावाला, 30 अप्रैल को नंदा विहारनवादा, 1 मई को हनुमान धाम विकासनगर, 2 मई को शेरकुडिया महासू जौनसार, 3 मई को सोमेश्वर महादेव मंदिर नैटवाड़, 4 मई को पुरोला, 5 मई को उत्तरकाशी, 6 मई के चिन्यालीसौड़ बैटगांव नागदेवता मंदिर जौनपुर, 7 मई को चंबा पहुंचेगी। 8 मई को डोली रथ यात्रा हिंडोलाखाल-बगवान, 9 मई को जाख देवता-गडगू गांव ऊखीमठ, 10 मई को सगर गांव चमोली, 11 मई को कोट भ्रामरी बागेश्वर, 12 मई को डीडीहाट, 13 मई को पिथौरागढ़, 14 मई को लोहाघाट, 15 मई को डोल आश्रम, 16 मई को सत्यनारायण मंदिर हल्द्वानी, 17 मई को काशीपुर, 18 मई को महाबगढ़ महादेव यमकेश्वर, 19 मई को यात्रा पावकीदेवी दोगी पट्टी, 20 मई को गजा टिहरी पहुंचेगी। 21 मई को डोली रथ यात्रा बहेड़ा घनसाली पहुंचेगी।
इस दौरान नई टिहरी पंचायत सभागार, पिलखी शिवालय, द्वारी में घंटाकर्ण देवता मंदिर, घनसाली और नैलचामीश्वर महादेव मंदिर में
यात्रा का स्वागत किया जायेगा। 22 मई को यात्रा ढुंग्यार गांव, 23 मई को मां जगदीशिला हिंदाव और 24 मई को डोली रथ यात्रा विशोन पर्वत पहुंचेगी, 25 मई को गंगा दशहरा पर यात्रा का समापन होगा।